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1 Jan 2026, Thu

कलश यात्रा के साथ आरंभ हुआ पितृ भागवत महोत्सव, 21 सितम्बर तक प्रतिदिन होगा संगीतमय भागवत कथा का रसपान

देवास। परमपिता परमात्मा एवं पितरों की असीम अनुकम्पा से देवास नगरी में आध्यात्मिक एवं सांस्कृतिक वातावरण से ओतप्रोत भव्य पितृ भागवत महोत्सव का शुभारंभ हुआ। इस सात दिवसीय आयोजन का शुभारंभ सोमवार, 15 सितम्बर को शिवओम एस्टेट से गीता भवन तक निकली भव्य कलश यात्रा के साथ हुआ। कलश यात्रा में बड़ी संख्या में महिलाएं, श्रद्धालुजन एवं नगरवासी सहभागी बने। यात्रा के दौरान वातावरण श्रीनाम संकीर्तन एवं भक्ति गीतों से गूंजायमान हो उठा। महोत्सव में प्रतिदिन दोपहर 1 बजे से शाम 4 बजे तक संगीतमय श्रीमद् भागवत कथामृत का अमृतपान कराया जा रहा है। कथावाचक परम पूज्य पंडित दिनेश दुबे (काठबड़ौदा, उज्जैन) ने प्रथम दिवस के शुभारंभ में मंगलाचरण, गुरु वंदना एवं भागवत महात्म्य का भावपूर्ण वर्णन किया। उन्होंने कहा कि भागवत महापुराण केवल एक ग्रंथ नहीं, बल्कि जीवन को पवित्र, सरल और आनंदमय बनाने का मार्ग है। महाराज श्री ने कहा कि भागवत श्रवण मात्र से ही पितरों को शांति और आत्मा को आनन्द की अनुभूति होती है। उन्होंने भागवत के स्वरूप, उसकी महिमा और मानव जीवन में भक्ति के महत्व को बड़े सरल और मधुर स्वर में समझाया। इस पावन आयोजन का दायित्व श्रीमती लक्ष्मी एवं कमल वर्मा (कुमावत) तथा समस्त कुमावत परिवार ने संभाला है। आयोजन का उद्देश्य पूजनीय पितरों के कल्याण एवं लोकमंगल की कामना है। आयोजक परिवार ने नगरवासियों से विनम्र आग्रह किया है कि वे सपरिवार पधारकर इस आध्यात्मिक महोत्सव में सहभागी बनें एवं पितृ भागवत कथा श्रवण का पुण्य लाभ अवश्य प्राप्त करें। यह आयोजन 21 सितम्बर तक गीता भवन, स्टेशन रोड, देवास पर प्रतिदिन जारी रहेगा